Luhn एल्गोरिदम वैलिडेटर

जाँचें कि कोई नंबर (बैंक कार्ड, IMEI, SIRET नंबर…) Luhn चेक डिजिट के नियम पर खरा उतरता है या नहीं। आपके ब्राउज़र में 100% लोकल प्रोसेसिंग (WebAssembly)।

उदाहरण:

यह कैसे काम करता है

Luhn एल्गोरिदम एक सरल चेक डिजिट है, जिसका उपयोग बैंक कार्ड, फ़ोन के IMEI नंबर या कुछ राष्ट्रीय पहचान पत्र जैसे नंबरों में टाइपिंग की गलतियाँ पकड़ने के लिए होता है। यह दाईं ओर से शुरू करके हर दूसरे अंक को दोगुना करता है, 9 से बड़े मानों को समायोजित करता है, फिर जाँचता है कि कुल योग 10 का गुणज है या नहीं। किसी असली पेमेंट सिस्टम को भेजने से पहले यह जल्दी पुष्टि करने का एक उपयोगी तरीक़ा है कि हाथ से दर्ज किए गए नंबर में कोई स्पष्ट टाइपिंग की गलती नहीं है।

क्या Luhn के अनुसार “मान्य” नंबर ज़रूर असली कार्ड नंबर होता है?

नहीं। Luhn चेक डिजिट सिर्फ़ आम टाइपिंग की गलतियाँ पकड़ता है (गलत अंक, आसन्न दो अंकों का उलट जाना); यह इस बात की गारंटी नहीं देता कि नंबर सचमुच मौजूद है, या किसी सक्रिय खाते से जुड़ा है। यह केवल जारीकर्ता या पेमेंट नेटवर्क से जाँच करके ही पक्का किया जा सकता है।

किन प्रकार के नंबरों में Luhn एल्गोरिदम इस्तेमाल होता है?

यह बैंक कार्ड नंबरों (Visa, Mastercard...), मोबाइल उपकरणों के IMEI नंबरों, कुछ देशों के IBAN नंबरों, और देश के अनुसार विभिन्न राष्ट्रीय या कंपनी पहचानकर्ताओं में मिलता है।

100% लोकल प्रोसेसिंग: जाँच पूरी तरह आपके ब्राउज़र में WebAssembly के ज़रिए होती है, दर्ज किया गया नंबर कभी सर्वर को नहीं भेजा जाता।